मुझे लड़का नहीं बनना
मुझे लड़का नहीं बनना,मुझे बस अपना होना है,जो धड़कन मेरे सीने में है,उसे अपने सुर में पिरोना है।क्यों हर बार […]
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मुझे लड़का नहीं बनना,मुझे बस अपना होना है,जो धड़कन मेरे सीने में है,उसे अपने सुर में पिरोना है।क्यों हर बार […]
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कहते हैं,लड़की को रोटी बनानी आनी चाहिए,मैं कहती हूँ—उसे रोटी कमानी भी आनी चाहिए।क्योंकि चूल्हे की आग सेसिर्फ खाना पकता
रोटी बनाने से ज़्यादा ज़रूरी Read Post »
मैं उड़ना चाहती हूँ,उन परिंदों की तरह,जिन्हें आसमान सेइजाज़त नहीं लेनी पड़ती।मैं जीना चाहती हूँ,अपने फैसलों के साथ,बिना किसी डर
मैं अपनी पहचान लिखना चाहती हूँ Read Post »
जन्म लिया तो सवाल उठे,“बेटी है” कहकर स्वर झुके,कदम बढ़े तो बंदिश आई,हर राह पर कुछ नियम लिखे।हँसना भी सीमा
लड़की की ज़िंदगी और बंदिशें Read Post »